अमृत विहार न्यूज

संवाद सहयोगी|गोह
जिला पदाधिकारी श्रीकांत शास्त्री की पत्नी व अन्य परिवार तीसरे सोमवार को संध्या तीन बजे देवकुंड बाबा दूधेश्वरनाथ मंदिर पहुंचकर रूद्राभिषेक करने लगे। इस दौरान महिला-पुरुष की कतार तीतर-बितर हो गई। अंततः दोनों वर्गों को एक ही कतार में खड़ा होना पडा़। पुलिस बल की मौजूदगी में एक-एक कर बारी-बारी से श्रद्धालुओ को गर्भ गृह में प्रवेश दिया जा रहा था। इस दौरान कतार में लगभग डेढ़ दो घंटे से खड़े श्रद्धालुओं ने प्रशासन पर मनमानी का आरोप लगाते हुए कहा कि बाबा मंदिर में कोई वीआईपी या वीवीआईपी कोटा नहीं होता है।
इससे जुड़ा हुआ विडियो जब सोशल मीडिया पर वायरल हुआ तो लोगों ने तरह तरह की प्रतिक्रिया देना शुरू कर दिया। आखिर धर्म में वीआईपी कल्चर की क्या जरूरत है?